Monday, July 6, 2009

सफलता की कुंजी अच्छी गेंदबाजी : धोनी

वेस्टइंडीज के खिलाफ एकदिवसीय श्रृंखला पर 2-1 से जीत हासिल करने के बाद भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी ने रविवार को कहा कि उनकी टीम की सफलता की कुंजी अच्छी गेंदबाजी रही। उन्होंने कहा कि मै समझाता हूं कि हमारी टीम बहुत अच्छी है। देश के बाहर श्रृंखला जीतना गर्व की बात है। गेंदबाजों ने अच्छा प्रदर्शन किया। हमारे पास अच्छे गेंदबाज है। जिसे भी मौका मिला उसने अपने आपको साबित किया। तेज गेंदबाज ईशांत शर्मा की सराहना करते हुए धोनी ने कहा बल्लेबाज को घूरने की जगह वह अब अपनी गेंदबाजी पर घ्यान दे रहे है। आज उन्होंने सही दिशा मे और सटीक गेंदबाजी की है। उन्होंने अपनी गेंदबाजी में कई परिवर्तन भी किए।

मैच के बाद वेस्टइंडीज के कप्तान क्रिस गेल ने कहा ऎसे मौसम में आप कुछ नहीं कर सकते। हमारी नजर अब बांग्लादेश दौरे पर है। इस श्रृंखला में रूनाको मार्टन का फार्म में वापस आना और डेरेन ब्रावो का अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में प्रदर्शन हमारे लिए अच्छी बात रही है।

कंगारूओं की टीम एशेज के लिए बेकार है

आस्टे्रलिया के पूर्व कप्तान इयान चैपल का मानना है कि आगामी एशेज सीरीज में चुनी गई आस्टे्रलिया की "हास्यास्पद" टीम पर इंग्लैड को बढत हासिल होगी। आस्ट्रेलियाई टीम के चयन पर चैपल ने कहा है कि यह बेकार टीम है। वहीं टोनी ग्रेग भी पोटिंग की इस टीम को चुनौती के लायक नहीं मानते है। चैपल ने कहा तीसरे सलामी बल्लेबाज को नहीं चुनना मुसीबत का न्यौता देना है। फिलीप हूजे को आने वाले समय का स्टार कहा जा रहा है लेकिन उसने सिर्फ तीन टेस्ट खेले है। उसकी तकनीक गैर पारंपरिक है जिसके कामयाब रहने की गारंटी नही दी जा सकती। यदि इंग्लैड में ऎसा होता है तो वह मुसीबत में पड सकता हे। उन्होंने कहा दोनों टीमो की गेंदबाजी आक्रमण की तुलना से साबित हो गया है कि एंड्रयू स्ट्रास की टीम का पलडा भारी रहेगा। उन्होंने कहा फिलहाल इंग्लैड का आक्रमण अघिक घारदार लग रहा है। एंड्रयू फ्लिंटाफ और उसकी फिटनेस पर बहुत कुछ निर्भर होगा।

लेकिन वह पांचों टेस्ट मे फिट रहता है तो इंग्लैड का आक्रमण अघिक संतुलित होगा। इसलिए मेरे हिसाब से उनका पलडा भारी है। वही इंग्लैड के पूर्व कप्तान टोनी गे्रटग ने भी इंग्लैड के गेदबाजी आक्रमण से निपटने के लिहाज से रिकी पोटिंग और उनकी टीम की क्षमता पर भी संदेह व्यक्त किया। उन्होंने कहा एशेज का पहला टेस्ट शुरू होने से पहले काफी तनाव होता है जो काफी महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर सकता है। आस्ट्रेलिया पहले टेस्ट में चार तेज गेंदबाजों के साथ उतर सकता है क्योकि उसके औफ स्पिन गेंदबाज नाथल हॉरित्ज रंग में नहीं दिख रहे है।

अगले टी-20 विश्व कप में भारत ग्रुप "सी" में

भारत को अगले साल वेस्टइंडीज में खेले जाने वाले टी-20 क्रिकेट विश्व कप में दक्षिण अफ्रीका तथा टूर्नामेंट के लिए क्वालीफाई करने वाली टीम के साथ गु्रप "सी" में रखा गया है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) द्वारा रविवार को घोषित कार्यक्रम के अनुसार अगले साल 30 अप्रैल को होने वाले विश्व कप के लिए मौजूदा चैपियन पाकिस्तान को आस्टे्रलिया और बांग्लादेश के साथ ग्रुप "ए" में जगह दी गई है। इस साल के उपविजेता श्रीलंका को न्यूजीलैड और जिम्बाब्वे के साथ ग्रुप "बी" में जबकि मेजबान वेस्टइंडीज, इंग्लैड ओर क्वालीफाइ करने वाली दूसरी टीम को गु्रप "डी" में रखा गया है। तीसरे टी-20 विश्व कप में पहला मुकाबला मेजबान वेस्टइंडीज और दूसरी क्वालीफाइंग टीम से होगी। क्रिकेट से सबसे छोटे स्वरूप के विश्व कप का आयोजन वैसे तो हर दो साल पर होता है।

लेकिन पिछले महीने इंग्लैड में संपन्न होने के बाद अब अगला विश्व कप सिर्फ दस महीनें बाद ही आयोजित किया जाएगा ताकि उसका कार्यक्रम वर्ष 2011 में भारतीय उपमहाद्वीप में होने वाले एक दिवसीय मैचों के विश्व कप से नहीं टकराए। पिछले महीने आयोजित हुए विश्व कप के सुपर आठ दौर से ही बाहर हुए पूर्व विश्व चैपियन भारत का अगले विश्व कप में पहला मुकाबला प्रथम क्वालीफाइंग टीम से एक मई को होगा। 17 दिन तक चलने वाले इस टूर्नामेंट में 27 मैच होंगे। सेमीफाइल मुकाबले 13 से 14 मई को जबकि फाइलन 16 मई को खेला जाएगा। साथ-साथ खेले जाने वाली महिलाओं के टी-20 विश्व कप में टीमों को "ए" और "बी" ग्रुप में बांटा गया है। इस साल सेमीफाइनल मे पहुंचे भारत को न्यूजीलैड, श्रीलंका और पाकिस्तान के साथ ग्रुप "बी" में रखा गया है। जबकि इंग्लैड, आस्टे्रलिया, वेस्टइंडीज और दक्षिण अफ्रीका को ग्रप "ए" में रखा गया है। आईसीसी के बयान के अनुसार महिला विश्व कप के पहले दौर के सभी मैच सेंट किट्स में खेले जाएंगे।
पांच मई को शुरू होने वाले इस विश्व कप में सेमीफाइनल और फाइनल समेत 15 मैच खेले जाएंगे। पहला मुकाबला वेस्टइंडीज और दक्षिण अफ्रीका के बीच होगा चिर-प्रतिद्वंद्वी भारत और पाकिस्तान आठ मई को एक-दूसरे से भिडंगी। महिलाओ के सेमीफाइनल और फाइनल मुकाबले पुरूषों के इन्ही मुकाबले वाले दिन ही होगी।

सिर पर गेंद लगने अंपायर जेकिंग की मौत

वेल्श क्रिकेट लीग के एक मैच के दौरान गेद सिर पर लगने से अंपायर की मौत हो गई। 72 वषीय अंपायर आल्विन जेकिंस स्वानसी और लांगेनेश के बीच खेले जा रहे घरेलू लीग मुकाबले में अंपायरिंग कर रहे थे। बल्लेबाज ने बाउंड्री की तरफ से शॉट जमाया जिसको फील्डर ने वापस विकेट पर थ्रो किया उसी दौरान गेंद जेकिंग के सिर पर जा लगी और वह मैदान पर गिर गए। जेकिंग को तभी अस्पताल ले जाया गया जहां डाक्टरों ने उनकी मौत की पुष्टि कर दी। इसके मद्देनजर मैच रद्द कर दिया गया। साउथ वेल्स क्रिकेट एसोसिएशन के चेयरमैन लीन होब्स ने जेकिंग की मौत पर दुख व्यक्त करते हुए वह बहुत ही मिलनसार स्वभाव के व्यक्ति थे। वह लीग में सबसे सम्मानित थे। जेकिंग को साउथ वेल्स में सभी जानते थे। उन्होंने कहा, यह हम सभी के लिए बहुत की बुरा दिन है। मै उनके परिवार से इस सबके लिए क्षमा मांगता हूं।

विंबलडन में लिएंडर-कारा हारे

विंबलडन मे तीसरी बार मिक्सड डबल्स का खिताब जीतने का लिएंडर पेस का सपना पूरा नहीं हो सका। मिक्सड डबल्स के फाइनल में पेस और उनकी जोडीदार कारा ब्लैक अपनी प्रतिद्वंद्वी जोडी मार्क नोल्स और ऎना लेना से हार गए। बहामास के मार्क नोल्स और जर्मनी की ऎना लेना ने पेस-ब्लैक को सीघे सेटों से 7-5, 6-3 से हराया। इसके साथ ही विंबलडन जीतने का नोल्स का ख्वाब पूरा हो गया है। 37 वर्षीय नोल्स ने इससे पहले कभी किसी गै्रड स्लैम प्रतियोगिता में मिक्सड डबल्स का खिताब नहीं जीता था। हालांकि वे आस्टे्रलिया ओपन, फे्रच ओपन और यूएस ओपन में पुरूषों का डबल्स खिताब जीत चुके है। वहीं विंबलडन ने लिएंडन दो बार मिक्सड डबल्स का खिताब अपने नाम कर चुके है।

पहली बार वर्ष 1999 में लीजा रेमद के साथ और दूसरी बार 2003 में मार्टिना नवरातिलोवा के साथ वे जीते थे। पेस ने कारा ब्लैक के साथ मिलकर पिछले साल यूएस ओपन पर कब्जा किया था। और इस बार वे विंबलडन जीतने की उम्मीद में थे। मगर पेस जीत जाते तो ये उनका दसवां ग्रैड स्लैम होता। उन्होने 2003 में मार्टिना नवरातिलोवा के साथ आस्ट्रेलियाई ओपन जीता था।

भारत ने किया सीरीज पर कब्जा

भारत और वेस्टइंडीज के बीच चौथा और अंतिम वनडे मैच रविवार का बारिश की भेंट चढ जाने से कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की टीम ने चार मैचों की सीरीज 2-1 से अपने नाम कर लिया। टीम इंडिया ने वेस्टइंडीज में दूसरी बार वनडे सीरीज जीतने से सफल रहा है। वेस्टइंडीज ने टॉस गंवाने के बाद पहले बल्लेबाजी करते हुए जब 7.3 ओवर में एक विकेट पर 27 रन बनाए थे तभी मूसलाघार बारिश आ गई, जिससे खेल रोकना पडा। बारिश थमने पर अंपायरों ने भारतीय समयानुसार दस बजकर तीस मिनट पर मैदान पर निरीक्षण किया। इसके पेंतालीस मिनट बाद उन्होंने फिर से मैदान का निरीक्षण करके उसे खेल के अनुकूल रहीं पाया और मैच को रद्द घोषणा कर दी थी।

बारिश के कारण जब खेल रूका था तब रूनाको मोर्टन 12 रन और रामनरेश सरवन 12 रन के साथ क्रीज पर थे। भारत की तरफ से एकमात्र विकेट इशांत शर्मा ने लिया। इससे पहले बारिश की वजह से ही खेल देर से शुरू हुआ जिससे ओवरों की संख्या घटाकर प्रति टीम 49 कर दी गई थी। भारत ने सबीना पार्क किंग्सटन में खेला गया पहला मैच बीस रन से जीता था। लेकिन दूसरे मैच में उसे आठ विकेट की करारी शिकस्त झेलनी पडी थी। उसने बारिश से प्रभावित तीसरा मैच डकवर्थ लुईस पद्वति से छह विकेट से जीतकर सीरीज में 2-1 की बढत बनाई थी।
भारत ने कैरेबियाई सरजमी पर दूसरी बार द्विपक्षीय वनडे सीरीज जीती। इससे पहले उसने 2002 में सौरभ गांगुली की कप्तानी में पांच मैच की सीरीज 2-1 से अपने नाम की थी। इस सीरीज के दो मैच की बारिश से घुल गए थे। भारतीय टीम ने वैसे कुल पांचवी बार वेस्टइंडीज से वनडे सीरीज जीता। "मैन ऑफ द मैच" कप्तान महेन्द्र सिंह घोनी को नवाजा गया।

विंबलडन में फेडरर ने रचा इतिहास

रविवार को एंडी रोडिक के खिलाफ रोजर फेडरर ने सवा चार घंटे तक मैराथन मुकाबला चला। सात साल से टेनिस की दुनिया पर राज करने वाले फेडरर ने अंतत: बाजी अपने नाम की और विंबलडन में छठा और रिकार्ड 15वां गै्रड स्लैम खिलाफ जीतकर नया इतिहार रचा है। दुनिया में दूसरे नंबर के फेडरर ने विषम पलों में घैर्य बनाए रखकर रोडिक को 5-7, 7-6, 7-6, 3-6, 16-14 से हराकर अमेरीका के पीट संप्रास के 14 गै्रड स्लैम खिताब के रिकार्ड को पीछे छोडा जो तनााव से भरे इस मैच के दौरान रायल बाक्स में उपस्थिति थे।

स्विट्जरलैड के फेडरर को अमेरीका के छठी वरीयता रोडिक ने कडी टक्कर दी। रोडिक ने पहला सेट जीता और दूसरे सेट में उनके पास एक समय चार सेट प्वाइंट थे। लेकिन वही पर फेडरर ने ग्रास कोर्ट पर अपने अनुभव का अच्छा इस्तेमाल करके बराबरी की। रोडिक ने इसके अलावा मैच के अंतिम गेम से पहले तक कोई सर्विस नहीं गंवाई थी। यह बेजोड फाइनल था जिसमें अंतिम सेट 95 मिनट तक चला जो विंबलडन में नया रिकार्ड है।
27 वर्षीय फेडरर ने अब तक 6 विंबलडन, 5 अमेरीका ओपन, 3 आस्टे्रलिया ओपन और 1 बार फे्रच ओपन जीता है। इस जीत से वह फिर से राफेल नडाल की दुनिया के नंबर एक खिलाडी भी बन गए है। जिन्होंने पिछले साल पांच सेट से जीत दर्ज की थी।

Saturday, July 4, 2009

इतिहास रचने के लिए उतरेगी भारतीय टीम

तीसरे वनडे मे वेस्टइंडीज के खिलाफ मिली शानदार जीत से उत्साहित टीम इंडिया रविवार को होने वाले श्रंखला के चौथे और अंतिम वनडे को जीतकर इतिहास बनाने के इरादे से मैदान में उतरेगी। कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी के नेतृत्व में भारतीय टीम के पास वेस्टइंडीज में इतिहास बनाने का अच्छा अवसर है। भारतीय टीम ने आखिरी बार वर्ष 2001-02 में यहां वनडे सीरीज जीती थी लेकिन उसके बाद से टीम इडिया अभी तक वनडे सीरीज नही जीत पाई है। ऎसे में कप्तान धोनी के लिए कैरेबियाई जमीन पर एतिहास बनाने का अच्छा अवसर है।

भारत ने शुक्रवार को तीसरे वनडे में वेस्टइंडीज को छह विकेट से मात दी थी। भारत के लिए इस मैच में खुशी की बात ये रही कि उसके दोनों ओपनर गौतम गंभीर और दिनेश कार्तिक ने इस मैच में रन बनाए और टीम को एक अच्छी शुरूआत दी। इसके पहले टीम काफी समय से अपने ओपनरों के अच्छी शुरूआत के इंतजार में तरस रही थी। लेकिन इस मैच के बाद धोनी की चिंता इस तरफ से खत्म हो गई होगी।
इसके अलावा कप्तान धोनी भी इस मैच में अपनी पुरानी रंगत में दिखे। जाहिर तौर पर टीम इंडिया के सभी खिलाडी इस स्वर्णिम अवसर का फायदा उठायेंगे। धोनी की सेना को पता है कि अगर वे वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज जीतने में कामयाब रहे तो टी-20 विश्व कप के सुपर आठ चरण से बाहर होने का गम कम हो जाएगा। धोनी ने इस सीरीज के शुरू में ही कहा था कि वह वेस्टइंडीज के खिलाफ श्रृखला जीतकर अपने देशवासियों को तोहफा देना चाहेगे।
जाहिर है टीम के सभी खिलाडी अपने कप्तान की इस चाहत को पूरा करने की कोशिश करेगें। युवराज सिंह तीसरे मैच में नहीं चल थे ऎसे में वह भी अंतिम मैच में अपना धमाकेदार प्रदर्शन करने को बेताब होगे।

धोनी रिकॉर्ड में भी रहे आगे

वेस्टइंडीज के खिलाफ जारी श्रृखला के तीसरे वनडे मैच में शुक्रवार को भारत की जीत के हीरो रहे कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी इस मैच में रिकॉर्ड के मामलें में भी नायक साबित हुए है। बारिश के बारण इस मैच मे बार-बार संशोघित होते लक्ष्य के दबाव के बीच 34 गेंद पर 46 रन की मैच जीताउ पारी खेलने वाले घोनी ऎसे पहले विकेटकीपर बन गए जिसने विस्टइंडीज के खिलाफ उसकी सरजमी पर 40 से ज्यादा रन बनाए और तीन खिलाडियों को आउट करने में मदद की। धोनी ने इस मैच में 50 से ज्यादा की औसत हासिल कर ली।

इसके साथ ही वह एकदिवसीय मैच में 4000 रनों के सफर में 50 की औसत रखने वाले दूसरे खिलाडी बन गए है। धोनी से पहले आस्टे्रलिया के माइकल बेवन ने 232 मैचों में 53.58 के औसत से 6912 रन बनाए थे। भारतीय कप्तान अब तक एकदिवसीय मैचों की 124 पारियों में 50.18 के औसत और 90.88 के स्ट्राइक रेट से 4567 रन बना चुके है। इसके 4 शतक और 31 अर्घशतक शामिल है। इस मैच में "मैन ऑफ द मैच" चुने गए घोनी अब तक 11 बार यह पुरस्कार हासिल कर चुके है। ऑफ स्पिनर हरभजन ने इस मैच में 35 रन पर दो विकेट लेकर वेस्टइंडीज मे अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया। इससे पहले उन्होंने दो जून 2002 को पोर्ट ऑफ स्पेन में 55 रन की कीमत पर दो विकट लेकर कैरेबियाई सरजमी पर अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन किया था।

चामिंडा ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लिया : डी मेल

श्रीलंका के अनुभवी तेज गेंदबाज चामिंडा वास ने टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। यह जानकारी मुख्यचयनकर्ता असंत डी मेल ने दी है। बाएं हाथ के 35 वर्षीय गेंदबाज डी मेल पिछले 15 साल से श्रीलंका के लिए क्रिकेट खेल रहे है। टेस्ट क्रिकेट से संन्यास के बाद वह अपने देश के लिए वनडे और टी-20 खेलते रहेंगे। श्रीलंका के पूर्व तेज गेंदबाज डी मेल ने कहा चामिंडा वास ने मुझसे कहा है कि वह अब और टेस्ट क्रिकेट नहीं खेलना चाहते लेकिन वह वनडे और टी-20 में खेलते रहेगे। श्रीलंका के लिए 110 टेस्ट मैच खेल चुके वास को आज पाकिस्तान के खिलाफ शुरू हुई टेस्ट श्रृखला के लिए टीम में नहीं चुना गया। यहां तक कि चयनकर्ताओं ने स्पिन के जादूगर मुथया मुरलीघरन के चोट के कारण बाहर होने के बावजूद वास को जगह नहीं मिली। चामिंडा वास ने 1994 में पाकिस्तान के खिलाफ कैडी में अपने क्रिकेट कैरियर की शुरूआत की थी ।

उसने 29.40 की औसत से 354 विकेट लिए उन्होंने दो बार मैच में 10-10 विकेट लिये थे। वास 322 वनडे अंतरराष्ट्रीय मैचों में 400 विकेट ले चुके है। जिसमें दक्षिण अफ्रीका में 2003 में हुए विश्व कप में बाग्लादेश के खिलाफ पहले ओवर में पहली तीनों गेंदों पर विकेट लेकर तिकडी बन चुके है।