विंबलडन चैंपियनशिप के दूसरे दौर में ही पराजित होने से सानिया मिर्जा को डब्ल्यूटीए एकल रैकिंग से सात अंको का नुकसन हुआ और वह 85वें स्थान पर आ गयी लेकिन युगल में वह 37वें स्थान पर बकरार रही है। भारत के सोमदेव देववबर्मन और प्रकाश अमृतराज को भी विंबलडन में निराशाजनक प्रदर्शन का नुकसान उठाना पडा। सोमदेव तीन स्थान पिछड कर 132 और प्रकाश पांचवें स्थान से फिसल कर 159 वें स्थान आ गये। सोमदेव अपना पहला क्वालीफाईग मैच और प्रकाश तीसरे और अंतिम दौर में पराजित हो गया। आल इंग्लैड क्लब पर सेमीफाइलन तक पहुंचने वाले पहेश भूपति पुरूष एकल में बढत बनाते हुए आठवें और लिएंडर पेस छठे स्थान पर बरकरार है।
Tuesday, July 7, 2009
Monday, July 6, 2009
विंबलडन में लिएंडर-कारा हारे
विंबलडन मे तीसरी बार मिक्सड डबल्स का खिताब जीतने का लिएंडर पेस का सपना पूरा नहीं हो सका। मिक्सड डबल्स के फाइनल में पेस और उनकी जोडीदार कारा ब्लैक अपनी प्रतिद्वंद्वी जोडी मार्क नोल्स और ऎना लेना से हार गए। बहामास के मार्क नोल्स और जर्मनी की ऎना लेना ने पेस-ब्लैक को सीघे सेटों से 7-5, 6-3 से हराया। इसके साथ ही विंबलडन जीतने का नोल्स का ख्वाब पूरा हो गया है। 37 वर्षीय नोल्स ने इससे पहले कभी किसी गै्रड स्लैम प्रतियोगिता में मिक्सड डबल्स का खिताब नहीं जीता था। हालांकि वे आस्टे्रलिया ओपन, फे्रच ओपन और यूएस ओपन में पुरूषों का डबल्स खिताब जीत चुके है। वहीं विंबलडन ने लिएंडन दो बार मिक्सड डबल्स का खिताब अपने नाम कर चुके है।
पहली बार वर्ष 1999 में लीजा रेमद के साथ और दूसरी बार 2003 में मार्टिना नवरातिलोवा के साथ वे जीते थे। पेस ने कारा ब्लैक के साथ मिलकर पिछले साल यूएस ओपन पर कब्जा किया था। और इस बार वे विंबलडन जीतने की उम्मीद में थे। मगर पेस जीत जाते तो ये उनका दसवां ग्रैड स्लैम होता। उन्होने 2003 में मार्टिना नवरातिलोवा के साथ आस्ट्रेलियाई ओपन जीता था।
विंबलडन में फेडरर ने रचा इतिहास
रविवार को एंडी रोडिक के खिलाफ रोजर फेडरर ने सवा चार घंटे तक मैराथन मुकाबला चला। सात साल से टेनिस की दुनिया पर राज करने वाले फेडरर ने अंतत: बाजी अपने नाम की और विंबलडन में छठा और रिकार्ड 15वां गै्रड स्लैम खिलाफ जीतकर नया इतिहार रचा है। दुनिया में दूसरे नंबर के फेडरर ने विषम पलों में घैर्य बनाए रखकर रोडिक को 5-7, 7-6, 7-6, 3-6, 16-14 से हराकर अमेरीका के पीट संप्रास के 14 गै्रड स्लैम खिताब के रिकार्ड को पीछे छोडा जो तनााव से भरे इस मैच के दौरान रायल बाक्स में उपस्थिति थे।
स्विट्जरलैड के फेडरर को अमेरीका के छठी वरीयता रोडिक ने कडी टक्कर दी। रोडिक ने पहला सेट जीता और दूसरे सेट में उनके पास एक समय चार सेट प्वाइंट थे। लेकिन वही पर फेडरर ने ग्रास कोर्ट पर अपने अनुभव का अच्छा इस्तेमाल करके बराबरी की। रोडिक ने इसके अलावा मैच के अंतिम गेम से पहले तक कोई सर्विस नहीं गंवाई थी। यह बेजोड फाइनल था जिसमें अंतिम सेट 95 मिनट तक चला जो विंबलडन में नया रिकार्ड है।
27 वर्षीय फेडरर ने अब तक 6 विंबलडन, 5 अमेरीका ओपन, 3 आस्टे्रलिया ओपन और 1 बार फे्रच ओपन जीता है। इस जीत से वह फिर से राफेल नडाल की दुनिया के नंबर एक खिलाडी भी बन गए है। जिन्होंने पिछले साल पांच सेट से जीत दर्ज की थी।
Thursday, July 2, 2009
मै नंबर वन हूं : सफीना
रूस की स्टार खिलाडी दिनारा सफीना का कहना है कि कडी मेहनत के बल पर उन्होंने विंबलडन टेनिस चैपियनशिप के सेमीफाइनल में जगह बनाई है। अब कोई भी उनके दुनिया की नंबर एक खिलाडी होने पर सवाल नहीं उठा सकता। अपने कैरियर में एक भी ग्रैड स्लेम खिताब नहीं जीत सकी सफीना पिछले सभी चार प्रमुख टेनिस टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में जगह बना चुकी है। सफीना का मानना है कि इसी से साबित हो जाता है कि पिछले एक साल के दौरान वह लगातार दुनिया की शीर्ष खिलाडी रही है।
महिला टेनिस में तीन सेट के मैच होने के कारण उनके खेल पर उठाए जा रहे सवालों के बीच सेरेना विलियम्य ने कहा कि उन्हें भी गै्रडस्लैम में पुरूष की तरह पांच सेट के मैच खेलने में खुशी होगी। वह इसके लिए तैयार है।
विंबलडन में महिला सिंगल्स के सेमीफाइनल में पहुंचने वाली सेरेना ने कहा मै पांच सेट के मैचों के लिए तैयार हूं। ग्रास कोर्ट पर यह अच्छे होंगे। मै निश्चित तौर पर पांच सेट के मैच खेल सकती हूं। सेरेना ने हालाकि कहा कि एकतरफा मैचों के बाद दर्शकों को उनके पैसे की कीमत मिल रही है।
उन्होंने कहा ये सभी महिला खिलाडी बेहतरीन खेल दिखा रही है और यह बेमिसाल है। चोटी की चार खिलाडी सेमीफाइनल में है। ये चारों खिलाडी वास्तव में अपना सर्वश्रेष्ठ खेल का प्रदर्शन कर रही है।
विंबलडन टूर्नामेंट में भूपति-नोल्स की हार
विंबलडन टेनिस टूर्नामेंट में पांच सेट तक चले मैराथन मुकाबले में आखिरकार भारत के पुरूष युगल चैम्पियनस को निराशा ही मिली। भारत के महेश भूपति व बहामास के उनके जोडीदार मार्क नोल्स की चौथी वरीयता प्राप्त जोडी को कडे संघर्ष के बाद हार का सामना करना पडा। क्वार्टरफाइनल मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका के वेस्ल मूडी व बेल्जियम के डिक नोर्मक की नौवी वरीयता प्राप्त जोडी ने 6-7, 6-4, 6-7, 5-7, 6-4 से मात दी। 3 घंटे 37 मिनट तक चले मैराथन मुकाबले में दोनों जोडियों को 1-1 अंक के लिए कडा संघर्ष करना पडा।
मगर अंत में भारत-बहामास की जोडी को निराशा ही हाथ लगी। वही पुरूष वर्ग में सिंगल्स से बाहर होने के बाद भारत के सुदर्वा सीताराम का अभियान पुरूषों के युगल वर्ग के पहले दौर में हार के साथ ही थम लगा। सुदर्वा और उनके अमेरीका सहायोगी मिशेल फै्रक की गैर वरीयता जोडी को ताईपे की दूसरी वरीयता प्राप्त चेग पेंग हसी और लियांग ची हुचांग की जोडी के हाथों 1-6, 2-6 से शिकस्त का सामना करना पडा। सुदर्वा मंगलवार को एकल वर्ग में दूसरे दौर में हारकर बाहर हो गए थे।