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Wednesday, July 1, 2009

वान के संन्यास लेने से एशेज जीतने में मदद मिलेगी : पीटरसन

इंग्लैड के स्टार बल्लेबाज केविन पीटरसन ने कहा है कि पूर्व इंग्लैड कप्तान माइकल वान के एशेज श्रृखला से पूर्व संन्यास लेने के फैसले से टीम को फिर से एशेज सीरीज जीतने में मदद मिलेगी। पीटरसन ने कहा कि वान के संन्यास लेने से टीम को कई मायनों में स्थायित्व मिलेगी। खासकर उनके उत्तराघिकारी एंड्रयू स्ट्रास को इससे काफी मदद मिलेगी। जो कि इस इस समय काफी बढिया कप्तानी कर रहे है। वाने के टीम में हाने से उन्हें निर्णय लेने मे थोडी कठिनाई हो सकती थी। इसके अलावा वान की अनुपस्थिति में रवि बोपारा जो कि इस समय तीसरे क्रम पर बढिया प्रदर्शन कर रहे है, को भी टीम में अपनी जगह स्थाई रूप से बनाने में सफल होगी।

गौरतलब है कि वान टीम के लिए तीसरे क्रम पर बल्लेबाजी करते रहे है। पीटरसन ने आगे कहा कि उनकी सफलता में भी वान का योगदान है। अपने पहले दक्षिण अफ्रीकी दौरे को याद करते हुए वान ने कहा कि 60000 लोग उन्हें घूर रहे थे और उस समय वह काफी घबराए हुए थे। लेकिन उस समय टीम के कप्तान वान ने उनका हौसला बढाया था। पीटरसन ने अपने क्रिकेट कैरियर की शुरूआत दक्षिण अफ्रीका में ही की थी।

आखिरकार वान ने ले लिया क्रिकेट से सन्यास

इंग्लैड के सबसे सफल कप्तान व स्टाईलिश बल्लेबाज माइकल वान ने मंगलवार को पेशेवर में क्रिकेट सन्यास की घोषणा कर दी। यार्कशायर के इस चौतीस वर्षीय बल्लेबाज ने एक बयान में कहा काफी सोच-विचार के बाद मैने तय किया है कि क्रिकेट को अलविदा करने का यह यही वक्त है।

वान की कप्तानी में इंग्लैड ने 51 में से 26 टेस्ट मैच जीते है। वर्ष 2005 में इंग्लैड की 18 साल के लंबे अंतराल के बाद एशेज सीरीज में जीत उनकी कप्तानी की महत्वपूर्ण उपलब्घि रही है। वह जीत के क्षण उनके कैरियर के सबसे यादगार लंहे है। वान ने कहा कि मै आगामी एशेज सीरीज में इंग्लैड टीम में जीत का कामना करता हूं। मै जानता हूं कि टीम में वर्ष 2005 के इतिहास को दोहराने का जोश, इच्छा ओर क्षमता मौजूद है।
साल 2005 की एशेज जीत मेरे कैरियर का चरमबिंदु थी। उन्होंने कहा मैदान छोडने और युवाओं के लिए रास्ता साफ करने का यह सही समय है। वान ने कहा देश के लिए खेलना और उनकी कप्तान करना मेरे लिए सौभाग्य की बात रही। इस खेल को अलविदा कहना मेरी जिंदगी के सबसे मुश्किल फैसलों में से है। घुटने की चोट ओर खराब फार्म से जुझ रहे वान का एशेज के संभावितों में चयन नहीं होने के बाद से ही उनके सन्यास लेने की अटकले लगाई जा रही थी।